जीव जिस दिन से वर्तमान में जीना सीख गया उस दिन से उसका जीवन सार्थक हो गया जब जब व्यक्ति पीछे की बातों में जीएगा आगे की सोच नहीं पाएगा और आगे की कल्पना में खोया रहेगा तो वर्तमान जी नहीं पाएगा बीता हुआ कल आने वाला नहीं है वर्तमान कभी जाता ही नहीं इसलिए वर्तमान में जीना सीख लेना चाहिए!!
